मुंबई। फेसबुक आज ज्यादातर लोगों के जीवन का अहम हिस्सा बन चुका है। यहां लोग अपने सुख-दुख बांटते रहते हैं। सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट्स जितनी उपयोगी हैं उतने ही इनके दुष्परिणाम देखने को मिलते हैं। ऐसा ही एक मामला सामने आया है जिसमें सोशल नेटवर्किंग साइट्स से फोटो कॉपी करके सेक्स क्लब वेबसाइट्स पर डाल देते हैं।
इस मामले को लेकर करीब 25 महिलाओं ने मुंबई की साइबर पुलिस में शिकायत की जब इन महिलाओं को पता चला कि उनकी फोटो सेक्स वेबसाइट्स पर अपलोड कर दी गई हैं। दरअसल हाल ही में पुलिस ने एक ऐसे गिरोह का भंडाफोड़ किया था जिसमें लोगों को अभिनेत्रियों, एनआरआई और एयरहोस्टेस के साथ शारीरिक संबंध बनाने के नाम पर मामूली रकम खर्च कर मेंबरशिप लेने को कहा जा रहा था। जांच में पता चला कि ये तो एक बहुत बड़ा स्कैम है।
ऐसी कई वेबसाइट्स चल रही हैं, जिनमें लोगों को अधिक पैसे कमाने के लिए ‘गिगोलोशिप’ में आने के लिए कहा जा रहा है। साइबर पुलिस ने एक ऐसे ही मामले को स्वतः संज्ञान में लेकर एक ऑनलाइन रैकेट का भंडाफोड किया है। इस रैकेट ने देश भर में 2,000 से ज्यादा लोगों को के साथ धोखाधड़ी की है।
मुफ्त में सेक्स करने और रोजाना 11,000 रुपए कमाने का लालच देकर लोगों को बल्क में मैसेज किए जा रहे थे। इसमें लोगों से कहा जा रहा था कि वह महज 997 रुपए खर्च करके सेक्सो फ्रेंडशिप क्लब की सदस्यता ले सकते हैं। उन्हें पैसे पेटीएम वॉलेट में ट्रांसफर करने के लिए कहा जाता था। वॉलेट में पैसे आ जाने के बाद मुम्बदेवी की दुकान से सोने के सिक्कों को खरीदकर जालसाज फरार हो जाते थे।
पुलिस ने इस रैकेट से जुड़े एक आरोपी को गिरफ्तार किया। इसके बाद उसकी निशानदेही पर पुलिस ने अपने मस्जिद बंदर कार्यालय में अन्य चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया। दिलचस्प है कि वॉलेट में आए पैसों को सोने में बदलने के बाद वे पेटीएम वॉलेट को बंद कर देते थे और दूसरा वॉलेट बनाकर नए शिकार फंसाते थे।
गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों की पहचान मोहम्मद कोटवाला (24), गिरीश जैसवाल (33), कमल विश्वकर्मा (31), अर्जुन कानोजिया (28) और शरीफ खान (24) के रूप में की गई है। जो लोग इस जालसाजी में फंस गए थे, वे शर्मिंदगी से बचने के लिए पुलिस से शिकायत नहीं करते थे।