कोरिया प्रायद्वीप में बढ़ रहे तनाव के बीच उत्तर कोरिया ने धमकी दी है कि वह किसी भी जगह और किसी भी समय परमाणु परीक्षण कर सकता है। उत्तर कोरिया की इस धमकी के बाद दुनिया पर परमाणु और तीसरे विश्वयुद्ध का खतरा मंडरा रहा है। अमेरिका, दक्षिण कोरिया, जापान और ऑस्ट्रेलिया ने उत्तर कोरिया को परमाणु परीक्षण करने पर गंभीर परिणाम की चेतावनी दी है।
वहीं उत्तर कोरिया को लेकर अमेरिका की तरफ से हो रही बयानबाजी पर रूस और चीन दोनों ने कहा है कि किसी भी गलत कदम का भयानक परिणाम हो सकता है। दूसरी ओर जापान ने अपने सबसे विध्वंसक युद्धपोत को कोरिया प्रायद्वीप की ओर भेज दिया है। ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री मैल्कम टर्नबुल ने भी चेतावनी दी कि उनका देश और अमेरिका क्षेत्रीय शांति के लिए उत्तर कोरिया के दुस्साहसी, खतरनाक खतरों को बर्दाश्त नहीं करेगा।
लंबे समय से कयासों का सिलसिला जारी है कि उत्तर कोरिया लंबी दूरी के किसी मिसाइल परीक्षण या सातवें परमाणु परीक्षण की तैयारी कर रहा है। उधर अमेरिका इसके जवाब में किसी सैन्य हमले की आशंका को खारिज करने से इनकार कर रहा है। इन सब से कोरियाई प्रायद्वीप में कई हफ्ते से तनाव शबाब पर है।
उत्तर कोरियाई विदेश मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा कि उनका देश अमेरिका की तरफ से उठाए जाने वाले किसी भी कदम का जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है। उत्तर कोरिया ने पिछले 11 साल में पांच परमाणु परीक्षण किए हैं और माना जाता है कि वह अमेरिका तक परमाणु हथियारों को पहुंचाने की क्षमता वाली मिसाइल बनाने की दिशा में प्रगति कर रहा है।
उत्तर कोरिया से बढ़ते परमाणु खतरों को लेकर पैदा हुए तनाव के बीच अमेरिका की खुफिया एजेंसी सीआईए के निदेशक माइक पोम्पिओ एक आंतरिक बैठक के सिलसिले में दक्षिण कोरिया में हैं। सीआईए निदेशक के अघोषित दौरे की रिपोर्टों के बाद सोल में अमेरिकी दूतावास ने इसकी पुष्टि की है।
दक्षिण कोरिया के सबसे बड़े दैनिक समाचार पत्र चोसुन इल्बो की आज एक खबर के मुताबिक पोम्पिओ सप्ताहांत दक्षिण कोरिया पहुंचे और उन्होंने देश की खुफिया एजेंसी के प्रमुख और वरिष्ठ प्रेजिडेंशियल अधिकारियों के साथ बंद कमरे में लगातार बैठकें की।


